दो दिवसीय मानव तस्करी निरोधक प्रशिक्षण कार्यशाला के शुभारंभ के संदर्भ में
सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 47 वीं वाहिनी, भारतको बिहार रक्सौल एवं भारतीय भूमि पत्तन प्राधिकरण (LPAI) के संयुक्त तत्वावधान में लैंड पोर्ट रक्सौल के प्रांगण में आयोजित दो दिवसीय “मानव तस्करी निरोधक प्रशिक्षण कार्यक्रम” का प्रथम दिवस सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्रों में कार्यरत अधिकारियों, कर्मचारियों एवं अन्य हितधारकों को मानव तस्करी की पहचान, रोकथाम तथा प्रभावी कार्रवाई हेतु सक्षम बनाना है।
कार्यक्रम को सर्वप्रथम वित्त सदस्य (LPAI) डॉ. रेखा राईकरद्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया गया। इसके उपरांत मुख्य अतिथि श्री संजय पांडेय, कमांडेंटद्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर प्रशिक्षण कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ किया गया ।

अपने संबोधन में उन्होंने उपस्थित सिस्टर एजेंसियों एवं प्रतिभागियों को मानव तस्करी से जुड़ी गंभीर चुनौतियों से अवगत कराते हुए सीमावर्ती क्षेत्रों में अधिक सतर्कता तथा सभी संबंधित एजेंसियों के बीच सुदृढ़ समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रथम सत्र में पटना उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता श्री संजू सिंह तथा द्वितीय सत्र में श्री दिग्विजय कुमार (CWC) द्वारा मानव तस्करी से संबंधित विधिक एवं सामाजिक पहलुओं पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई।

कार्यक्रम में श्री नवीन कुमार साह, उप कमांडेंट, 47 वीं वाहिनी,श्री राजीव रंजन, लैंड पोर्ट प्रबंधक;
श्री रमन कुमार झा, उप प्रबंधक;निरीक्षक विकास कुमार (AHTU), 47 वीं वाहिनी;
मुख्य आरक्षी अरविन्द द्विवेदी;लैंड पोर्ट से कोमल विश्वाल, कार्तिके, सुरभि सिंह, श्याम कुमार एवं अख्तर सैफी;
प्रयास जुबेनाइल से आरती कुमारी एवं राज गुप्ता;
स्वच्छ रक्सौल संस्था से रणजीत सिंह एवं साबरा खातून;ग्राम नियोजक परियोजना से सतेंद्र कुमार;
अफनता नेपाल से मनु राणा एवं रीना यादव;
माईती नेपाल से गोमा पौडेल; तथा आशीष सामाजिक सेवा नेपाल से अनुष्का वी. के. की उपस्थिति मौजूद रही।
इस प्रशिक्षण कार्यशाला में SSB बल के कर्मचारियों, कस्टम विभाग एवं LPAI के कर्मचारियों सहित लगभग 140 प्रतिभागियों ने भाग लिया हैं ।


